

Haridwar। भूपतवाला क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक अमेरिकन आश्रम, जिसे बाहर लगे बोर्ड पर स्वामी देवानंद ट्रस्ट के नाम से जाना जाता है, की करोड़ों रुपये की धार्मिक संपत्ति को लेकर भाजपा पार्षद सुनीता शर्मा ने गंभीर सवाल उठाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उन्होंने जिलाधिकारी हरिद्वार और धर्मस्व विभाग से मामले का संज्ञान लेकर संपत्ति की स्थिति और कथित लेनदेन की जांच कराने की मांग की है।


भाजपा पार्षद सुनीता शर्मा का आरोप है कि आश्रम ट्रस्ट की करोड़ों रुपये मूल्य की संपत्ति को जिला न्यायालय की अनुमति के बिना खुर्द-बुर्द किया गया है। उन्होंने कहा कि धार्मिक एवं सार्वजनिक ट्रस्ट की संपत्ति के संबंध में होने वाले विक्रय की वैधानिकता की जांच आवश्यक है। उन्होंने पूरे मामले में दस्तावेजों और संपत्ति के स्वामित्व से संबंधित अभिलेखों की जांच कराने की मांग की।
उन्होंने आरोप लगाया कि आश्रम की भूमि पर कथित रूप से अवैध दुकानों के निर्माण और बिक्री की तैयारी भी की जा रही है। वहीं, नए क्रेताओं द्वारा कांवड़ यात्रा के दौरान रातों-रात चारदीवारी कर कब्जे का प्रयास किए जाने तथा रास्ता निकालने के नाम पर आश्रम की भूमि के इस्तेमाल का भी आरोप लगाया गया है।
सुनीता शर्मा ने कहा कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो यह धार्मिक धरोहर और सार्वजनिक संपत्ति के संरक्षण से जुड़ा गंभीर मामला है। उन्होंने मांग की कि जिलाधिकारी एवं धर्मस्व विभाग मामले की उच्च स्तरीय जांच कराएं, कथित अवैध बिक्री को निरस्त कर संपत्ति को संरक्षण में लिया जाए तथा दोषी पाए जाने वाले ट्रस्ट पदाधिकारियों और क्रेताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
उन्होंने अवैध निर्माण पर तत्काल रोक लगाने की मांग करते हुए कहा कि संत समाज और क्षेत्रवासियों की भावनाओं को देखते हुए अमेरिकन आश्रम की मूल पहचान और उसकी संपत्ति को सुरक्षित रखना जरूरी है।



