

मां दुर्गा को सिंदूर अर्पित कर दी भावपूर्ण विदाई, सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना
रविंद्र सिंह
हरिद्वार। देवपुरा स्थित भारत सेवाश्रम में श्री सर्वजनीन दुर्गा पूजा महोत्सव कमेटी की ओर से आयोजित 63वें दुर्गा पूजा महोत्सव का विधि-विधान के साथ समापन हुआ। इस अवसर पर मां दुर्गा की विशेष पूजा-अर्चना कर प्रदेश और परिवारों की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं शांति की कामना की गई। महोत्सव के समापन पर बंगाली परंपरा के अनुसार महिलाओं ने सिंदूर खेला की रस्म निभाई और मां दुर्गा को भावपूर्ण विदाई दी।
मूर्ति विसर्जन से पूर्व महिलाओं ने मां दुर्गा को सिंदूर अर्पित किया। इसके बाद एक-दूसरे के माथे और चेहरे पर सिंदूर लगाकर अखंड सौभाग्य, सुखी दांपत्य जीवन तथा परिवार की मंगलकामना की। इस दौरान महिलाओं में उत्साह और श्रद्धा का भाव दिखाई दिया। पारंपरिक रस्म के दौरान पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
कमेटी अध्यक्ष वरुण कुमार चंद्रा ने कहा कि दुर्गा पूजा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था, संस्कृति और सामाजिक एकता का प्रतीक भी है। मां दुर्गा की आराधना से लोगों को शक्ति, साहस और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। उन्होंने मां दुर्गा से प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि और सभी परिवारों के कल्याण की कामना की।
रेखा साहू और प्रतिमा घोष ने कहा कि सिंदूर खेला बंगाली समाज की प्राचीन और भावनाओं से जुड़ी परंपरा है। मान्यता है कि मां दुर्गा अपने मायके में प्रवास के बाद विजयादशमी पर विदा होती हैं। महिलाएं सिंदूर अर्पित कर मां को विदाई देती हैं और अगले वर्ष फिर आगमन की प्रार्थना करती हैं। यह रस्म महिलाओं के आपसी स्नेह, सौहार्द और सांस्कृतिक एकजुटता का संदेश देती है।
ऋतु भट्टाचार्य ने कहा कि सिंदूर खेला में प्रेम, सौभाग्य और मंगलकामना की भावना निहित है। यह परंपरा नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने का माध्यम भी है। मां दुर्गा से सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि बनाए रखने की प्रार्थना की गई।
इस अवसर पर रेखा साहू, मीनाक्षी सरकार, प्रतिमा घोष, छाया भट्टाचार्य, ऋतु भट्टाचार्य, हिमानी भट्टाचार्य, दिव्या सरकार, पूर्णिमा मालिक, रंजना सरकार, अन्नू भट्टाचार्य, इतू भट्टाचार्य, कीया घोष, शुभ्रा भट्टाचार्य, अंजली चंद्रा, मीनाक्षी चंद्रा, पूजा चंद्रा, सूरज भट्टाचार्य, एनसी भट्टाचार्य, काजल भट्टाचार्य, देवाशीष भट्टाचार्य, दिलीप सरकार, भास्कर चंद्रा, अभिजीत सिन्हा, दीपक घोष, दिलीप घोष, एसएन मालिक और अमर कुमार चंद्रा सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद रहे।



